महानिदेशक का संदेश महानिदेशक का संदेश

महानिदेशक का संदेश

केरिपुबल की स्‍थापना 27 जुलाई, 1939 को क्राउन रिप्रेजें‍टेटिव पुलिस के रूप में हुई और 1949 में पुन: नामकरण करके इसे ‘’केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल’’ का नाम दिया गया। अभी तक 01 जार्ज क्रास, 3 किंग्‍स पी.एम.जी., 01 अशोक चक्र, 01 क्रीर्ति चक्र, 01 वीर चक्र, 12 शौर्य चक्र, 03 पदम श्री, 234 पी.पी.एम.जी., 1033 पी.एम.जी., 04 विशिष्‍ट सेवा मेडल, 01 युद्ध सेवा मेडल, 05 सेना मेडल और जीवन रक्षा के लिए प्रधानमंत्री जी के 93 पुलिस मेडल अर्जित करके इस बल ने अपनी वीर गाथा को दृढृतापूर्वक स्‍थापित किया है।

केरिपुबल को राष्‍ट्र की आन्‍तरिक सुरक्षा व्‍यवस्‍था को बनाए रखने के लिए बहुआयामी भूमिकाएं जिनमें पूर्वोत्‍तर में विद्रोह की स्थिति से निपटने, जम्‍मू-कश्‍मीर में आतंकवाद का मुकाबला करने, मध्‍य भारत में वामपंथी उग्रवाद की चुनौती से निपटने के अतिरिक्‍त देश में साम्‍प्रदायिक सौहार्द को बनाए रखने, संसद की सुरक्षा, महत्‍वपूर्ण धार्मिक प्रतिष्ठिानों की सुरक्षा, अतिविशिष्‍ट व्‍यक्तियों को सुरक्षा प्रदान करने और निष्‍पक्ष एवं शांतिपूर्ण ढंग से चुनाव संपन्‍न कराने की महत्‍वपूर्ण जिम्‍मेदारी सौंपी गई है। विगत कई वर्षों से दिन-रात इस प्रकार की प्रतिबद्धता का निरंतर निर्वहन करना इस बल की बहुमुखी प्रतिभा को दर्शाता है।

विगत वर्षों में केरिपुबल ने देश को कई उत्‍क़ष्‍ट खिलाड़ी दिए हैं, जिन्‍होंने अंतर्राष्‍ट्रीय स्‍पर्धाओं में अनेक पदक जीते हैं। इस उल्‍लेखनीय उपलब्धि के लिए उन्‍हें ‘’राजीव गांधी खेल रत्‍न‘’ तथा ‘’अर्जुन आवार्ड’’ से भी अलंकृत किया गया है।

किसी भी प्रकार की आंतरिक सुरक्षा संबंधी समस्‍या, चाहे वह मध्‍य भारत के घने जंगलों में हो, जम्‍मू-कश्‍मीर की बर्फीली वादियॉं हों, पूर्वोत्‍तर के दुर्गम भू-भाग हों या देश का कोई और हिस्‍सा हो, हथियारों के साथ उन्‍हें सुरक्षा प्रदान करनी हो, प्राकृतिक आपदाओं के दौरान उन्‍हें राहत सामग्री पहुँचानी हो, या फिर सिविक एक्‍शन कार्यक्रमों के माध्‍यम से उनकी मदद करना हो, केरिपुबल वहां सदैव सच्‍चे प्रहरी की तरह नागरिकों के साथ खड़ी होती है। इस बल की भूमिका तथा इसके द्वारा प्रदान की गई सेवाएं राष्‍ट्र की सीमाओं से भी परे हैं। बल के बहादुर जवानों ने अपनी ड्यूटी एवं दायित्‍वों का पूर्ण निष्‍ठा, समर्पण, परिश्रम तथा साहस के साथ निर्वहन किया है। इसलिए किसी भी प्रकार की विकट स्थिति को नियंत्रित करने के लिए सभी राज्‍य सरकारों द्वारा जब भी केंद्रीय सुरक्षा बलों की तैनाती करने की मांग की जाती है तो उनकी पहली पसंद केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल होती है।

अपनी प्रतिष्‍ठा और गौरवमयी इतिहास के साथ केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल का प्रत्‍येक जवान राष्‍ट्र की अखंण्‍डता को अक्षुण बनाए रखने हेतु रिजर्व पुलिस के आदर्श वाक्‍य ‘’सेवा और निष्‍ठा’’ की भावना से गर्व और सम्‍मान के साथ जीवनपर्यन्‍त स्‍वंय को राष्‍ट्र की सेवा में समर्पित करता है।

                                                                                               **************************************

Go to Navigation